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सितंबर 2027 में विवाह की तारीख़ें

दक्षिण भारत के लिए सार्वजनिक पंचांग के अनुसार 0 अनुकूल, 6 मिश्रित और 24 टालने लायक दिन (सूर्योदय का समय नई दिल्ली (IST) के अनुसार)। यह कैलेंडर सभी के लिए एक जैसा है; आपकी अपनी श्रेष्ठ तारीख़ें आपकी कुंडली पर निर्भर करती हैं।

इस माह कोई दिन पूरी तरह अनुकूल नहीं है। सबसे करीब वे मिश्रित दिन हैं जिनमें सबसे कम कमियाँ हैं: 18 सितंबर (शनिवार) (वार), 20 सितंबर (सोमवार) (नक्षत्र), 27 सितंबर (सोमवार) (तिथि) और 30 सितंबर (गुरुवार) (तिथि)।

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इस माह ये मौसमी बाधाएँ लागू हैं: गुरु अस्त, शुक्र अस्त। इनके भीतर आने वाले दिन "टालें" के रूप में चिह्नित हैं।

  • • गुरु अस्त के कारण 1–14 सितंबर को विवाह के दिन नहीं माने जाते (14 दिन)।
  • • शुक्र अस्त के कारण 1–17 सितंबर को विवाह के दिन नहीं माने जाते (17 दिन)।
  • बुधवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, तिथि, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • गुरुवार · टालें
    कमियाँ: गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • शुक्रवार · टालें
    कमियाँ: गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • शनिवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि, करण, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • रविवार · टालें
    कमियाँ: वार, तिथि, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • सोमवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, योग, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • मंगलवार · टालें
    कमियाँ: वार, तिथि, योग, करण, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • बुधवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, तिथि, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • गुरुवार · टालें
    कमियाँ: तिथि, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • शुक्रवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • शनिवार · टालें
    कमियाँ: वार, करण, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • रविवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि, योग, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • सोमवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • मंगलवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि, गुरु अस्त, शुक्र अस्त
  • बुधवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, तिथि, योग, करण, शुक्र अस्त
  • गुरुवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, तिथि, योग, शुक्र अस्त
  • शुक्रवार · टालें
    कमियाँ: शुक्र अस्त
  • शनिवार · मिश्रित
    कृष्ण तृतीया · रेवती · कमियाँ: वार
  • रविवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि, योग
  • सोमवार · मिश्रित
    कृष्ण पंचमी · भरणी · कमियाँ: नक्षत्र
  • मंगलवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि, योग
  • बुधवार · टालें
    कमियाँ: करण
  • गुरुवार · टालें
    कमियाँ: तिथि, योग
  • शुक्रवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, तिथि
  • शनिवार · टालें
    कमियाँ: नक्षत्र, वार, योग, करण
  • रविवार · मिश्रित
    कृष्ण एकादशी · पुष्य · कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि
  • सोमवार · मिश्रित
    कृष्ण द्वादशी · मघा · कमियाँ: तिथि
  • मंगलवार · मिश्रित
    कृष्ण त्रयोदशी · पूर्वा फाल्गुनी · कमियाँ: नक्षत्र, वार, तिथि
  • बुधवार · टालें
    कमियाँ: तिथि
  • गुरुवार · मिश्रित
    शुक्ल प्रतिपदा · हस्त · कमियाँ: तिथि

हरे रंग के दिन अनुकूल, पीले-भूरे मिश्रित और लाल टालने लायक हैं। किसी दिन पर होवर करें या टैप करें: उसकी तिथि, नक्षत्र और कमियाँ दिखेंगी।

  • अनुकूल: इस दिन के पंचांग कारक विवाह के लिए अनुकूल हैं।
  • मिश्रित: कुछ कारक विवाह के लिए अनुकूल हैं, कुछ नहीं — उपयोग किया जा सकता है, पर सबसे अच्छा विकल्प नहीं।
  • टालें: विवाह के लिए पारंपरिक रूप से टाला जाता है — कोई मौसमी बाधा या प्रतिकूल कारक लागू है।

अनुकूल दिन

इस माह कोई पूर्ण अनुकूल दिन नहीं है। मिश्रित दिनों में केवल हल्की कमियाँ हैं (जैसे कम उपयुक्त नक्षत्र या वार)।

बाकी दिन क्यों छूटते हैं

बाकी 30 दिन, जो अनुकूल नहीं हैं, ज़्यादातर इन कारणों से छूटते हैं: तिथि (19 दिन), नक्षत्र (17 दिन) और वार (12 दिन)।

सबसे करीबी विकल्प

तारीख़तिथिनक्षत्रकमियाँ
18 सितंबर (शनिवार)कृष्ण तृतीयारेवतीवार
20 सितंबर (सोमवार)कृष्ण पंचमीभरणीनक्षत्र
27 सितंबर (सोमवार)कृष्ण द्वादशीमघातिथि
30 सितंबर (गुरुवार)शुक्ल प्रतिपदाहस्ततिथि

दक्षिण भारत और उत्तर भारत की तुलना

दक्षिण भारत में इस माह 0 अनुकूल और 6 मिश्रित दिन हैं; उत्तर भारत में 0 अनुकूल और 0 मिश्रित। कोई तारीख़ दोनों क्षेत्रों में अनुकूल नहीं है। चातुर्मास उत्तर भारत में लागू है, दक्षिण भारत में नहीं।

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विवाह के लिए क्या मायने रखता है

  • • शुक्र और गुरु बलवान और ग्रहण-मुक्त होने चाहिए
  • • पारंपरिक विवाह नक्षत्रों को प्राथमिकता दें: रोहिणी, मृगशिरा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
  • • राहु काल और भद्रा (विष्टि करण) से बचें
  • • दक्षिण भारत में पारंपरिक रूप से टाला जाता है: खरमास (सूर्य धनु राशि में, या आडि के लिए कर्क राशि में), गुरु या शुक्र अस्त (एक क्षेत्रीय परंपरा)

अपनी कुंडली के अनुसार श्रेष्ठ तारीख़ पाएँ

यह कैलेंडर सभी के लिए एक जैसा है। मुहूर्त फाइंडर आपकी चंद्र बल, तारा बल, इस अवसर के मुख्य भाव और आपकी दशा में बदलाव भी जाँचता है, और आपके लिए उपयुक्त तारीख़ों को क्रम देता है।

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